BLOG DESIGNED BYअरुन शर्मा 'अनन्त'

गुरुवार, 7 फ़रवरी 2019

अहो !वसंत


१)
पीत चुनर
बौर झुमके लाया
पिया वसंत
२)
आये न कंत
 झुलसाये है जिया
हवा बसंती
३)
निगली  बौर
विकिरण राक्षसी
बसंत मौन
४)
प्रणयी नभ
दुल्हन बनी धरा
धुंध उपर्णा
५)
अवनि वधु
धुंध अन्तरपट
व्याकुल नभ
६)
छंटे बादल
सहेजती वसुधा
प्रीत के पल
७)
अहो !वसंत
अमराई में गुँजे/ वीराने में गूंजते
कोकिला स्वर
८)
धूप  के खड़ा
बाँट रहा पलाश
रंग प्रीत का ।
९)
ग़ाँव की सीमा -
आ लिपटी गले से
हवा वसंती

१७ 
अधूरी कृति -
झेलती रात भर 
दर्द प्रसूति

११) 
ठंड इतनी 
सिकुड़ने लगी   है 
खुली खिड़की 

बुधवार, 2 जनवरी 2019

english haiku

playing
with her curly locks -
spring breeze

an invitation card ~
raindrops 
on my window

Wiping
old layer of dust -
Nor'wester

old diary
 fragrance of first rose
still fresh

I C U --
father enquiring about
share rates

long journey …
my haiku published
internationally


family get together -

some new faces added
some lost this year

गुरुवार, 6 दिसंबर 2018

१४वाँ हाइकू दिवस ४था दिसम्बर २०१८

आदरणीय डा॰ जगदीश व्योम Jagdish Vyom जी की अध्यक्षता में 14 वें हाइकु दिवस का आयोजन कल 4 दिसम्बर को वीर सावरकर सर्वोदय बालिका विद्यालय ,कालका जी में किया गया। समारोह की संयोजिका विद्यालय प्रमुख आदरणीया नीलम जसरा जी थी। समारोह के मुख्य अतिथि आदरणीय Kamlesh Bhatt Kamal जी तथा विशिष्ट अतिथि डॉ, सारस्वत जी , ग़ज़लकार आदरणीय सुरेंद्र सिंघल जी ,तथा आ. सुरजमणि स्टेला कुजूर जी सहित वीणा मित्तल जी ,प्रदीप गर्ग जी ,आर. बी. अग्रवाल जी ,एन. के.शर्मा जी , Dr-Rekha Jain जी तथा साहित्य जगत से जुड़ी अन्य हस्तियों के साथ मुझे भी इस गौरवपूर्ण समारोह का साक्षी बनने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। इस अवसर पर व्योम जी के मार्गदर्शन में छात्राओं के लिए एक हाइकु कार्यशाला का आयोजन ,हाइकु पुस्तकों की प्रदर्शनी के साथ ही आ. सुरजमणि स्टेला कुजूर जी के प्रथम हाइकु संग्रह "ढेंकी के बोल " का लोकार्पण भी किया गया । समारोह की कुछ झलकियों 👇

सूरज,मणि स्टेला कुजूर जी के हाइकू संग्रह "ढेंकी के बोल " का लोकार्पण